हम सब की दोस्त है किताबें
मेरी प्यारी दोस्त किताबें
ज्ञान की कुंजी हैं ये किताबें
घर की आधे हिस्से में रहने वाली किताबें
दिल की मज़बूत पहेली हैं ये किताबें
हर सवाल का जवाब हैं ये किताबें
हर मुद्दों पर बेबाक हैं ये किताबें
किसी की गिरफ़्त में नहीं हैं ये किताबें
मेरे सफ़र में हमसफ़र हैं ये किताबें
मेरे ज़हन में उथल-पुथल मचाती हैं ये किताबें
लेकिन रहती बड़ी ख़ामोश हैं ये किताबें
सबकी प्यारी दोस्त हैं ये किताबें
सबका मन बहलाती हैं ये किताबें
सबके बारे में बताती हैं ये किताबें
जाने कितने रिश्तों को निभाती हैं ये किताबें
जाने कितनी पीढ़ियां और इतिहास को बदलते देखा
अब हमसे उनके बारे में बतलाती हैं ये किताबें
बड़ी कामकाजी किताबें बच्चों और बड़ों को समझदारी का पाठ पढ़ाती हैं ये किताबें
कुर्सी पर ज़रा सा हाथ में लेकर बैठ गया
उठने नहीं देती हैं ये किताबें
हाथों को थामें रहती हैं ये किताबें
कभी बोर नहीं होने देती हैं ये किताबें
दिलों और दिमाग पर राज करती हैं ये किताबें
दूर दुनिया का हवाला बताती हैं ये किताबें
तानाशाहों का इतिहास बताती हैं ये किताबें
हर मुद्दों पर छप जाती हैं ये किताबें
ग़लत को सही राह दिखाती हैं ये किताबें
इंटरनेट की ऑनलाइन पर छा गई ये किताबें
मुझे मेरे घर की किताबें देख कर राहत मिलती है
ये किताबें मेरी अच्छी दोस्त है
एक कप चाय की प्याली की चुस्की के साथ वाली किताबें मेरी दोस्त है
आंखों में नींद में आते ही मेरे चेहरे को ढक कर सो जाती ये किताबें
सारे दर्द को दूर रख कर मेरे दिल को थाम लेती ये किताबें
भला इनसे बेहतर कौन समझ पाया मुझे
इनकी खुशबू मोह लेती है मुझे
मेरी लाइब्रेरी मेरे घर का एक हिस्सा मेरी किताबें
लेकिन मेरी घर की कुछ तोहफें से मिली किताबें, कुछ ख़रीदी मेरी दादी नानी की किताबें
किताबें हैं लकड़ी की बनी लाइब्रेरी और मकड़ी के जालों के बीच इर्दगिर्द रखी किताबें
मकड़ी की भी अच्छी दोस्त किताबें अक्सर बुन लेती है अपना डिजाइन वाला ताना बाना
हिन्दुस्तान से ले कर सारे संसार किताबें
हम सब की दोस्त है किताबें
मेरी प्यारी दोस्त किताबें
अरमा नफीसा अंसारी